प्रेमनगर क्षेत्र में वृद्ध महिला के ब्लाइंड मर्डर केस का पुलिस ने किया खुलासा, घटना में संलिप्त अभियुक्त गिरफ्तार
उधार पैसे मांगने पर मना किया तो ले ली वृद्ध महिला की जान

देहरादून 18 अप्रैल
दिनांक 12.04.2023 को थाना प्रेमनगर को सूचना प्राप्त हुई थी की विंग नं0 01 क्षेत्र में एक महिला अपने घर में मृत अवस्था में पडी है, उक्त सूचना से उच्चाधिकारीगणों को अवगत कराते हुए थानाध्यक्ष प्रेमनगर मय पुलिस बल के घटनास्थल पर पहुंचे। मौके पर एक महिला जिसका नाम मंजीत कौर पत्नी दलजीत सिंह निवासी विंग न01 बैरक न011/10 प्रेमनगर अपने कमरे में फर्श पर मृत अवस्था में पडी थी । मृतका के शव का निरीक्षण करने पर किसी धारदार हथियार से मृतका का गला रेतकर उसकी हत्या किया जाना प्रकाश में आया था ।
पुलिस टीम द्वारा की गयी कार्यवाही:-
1-घटनास्थल से आने जाने वाले समस्त रास्तों के लगभग 350 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज संकलित कर उनका विश्लेषण किया गया ।
2- प्रेमनगर में आपराधिक प्रवृत्ति के व्यक्तियों की सतर्क निगरानी हेतु पुलिस टीम गठित कर सुरागरसी /पतारसी के माध्यम से संदिग्धों से पूछताछ की गयी ।
3-मृतक महिला के परिचित/ परिजनों से मृतका के व्यसाय, आदि के संबंध में जानकारी प्राप्त कर लाभप्रद सूचनाय़ें एकत्रित की गयी ।
4- विवेचना में आये साक्ष्यों के आधार पर अनावरण हेतु श्रीमान पुलिस अधीक्षक अपराध / पुलिस अधीक्षक नगर के निकट पर्यवेक्षण में पुलिस टीम बनाकर दिल्ली ,उ0प्र0 तथा उत्तराखण्ड के अन्य जनपदों में भी भेजी गयी । जिससे कई लाभप्रद सूचनाएं प्राप्त हुयी ।
5- महिला के सभी खातों की बैंक डिटेल प्राप्त कर सभी खातों का विश्लेषण किया गया ।
घटना का कारण
अभियुक्त द्वारा बताया गया की उसने वर्ष 2010 में मोहल्ले में ही परचून की दुकान खोली थी जो कि कुछ खास नहीं चलती थी तथा कोरोना काल में दुकान पूर्ण रूप से बंद हो गयी थी तथा आय का साधन खत्म हो गया था । मेरे पास अपने पुत्र की स्कूल की फीस जमा करने के पैसे भी नहीं थे, मुझे पैसों की सख्त जरूरत थी, जिस कारण मैने 2022 में बन्धन बैंक से 80000 रू0 का लोन लिया, जिसमें मेरे पडोस मे रहने वाली महिला सीमा लाम्बा द्वारा मेरी मदद करते हुए 10000 रू0 चुकाये थे। सीमा मेरी लोन पार्टनर भी थी, हम दोनो के द्वारा बन्धन बैंक के अलावा यूनियन बैंक से भी लोन उठाया गया था, इसके अतिरिक्त अन्य जगहों से लिये गये कर्ज की किस्तें भी मेरे द्वारा चुकाई जा रही थी। मेरे द्वारा कुछ पैसा सीमा से भी उधार लिया गया था। सीमा को वृंदावन जाना था, इसलिये वह लगातार मुझसे अपना पैसा वापस मांग रही थी। जिस पर मैं घटना के दिन सुबह लगभग 09ः30 बजे मंजीत कौर के पास पैसा उधार मांगने गया पर उसने मुझे पैसा उधार देने से साफ इंकार कर दिया। उसके पश्चात टेंशन में मैने दोपहर मे शराब पी तथा शाम को करीब 06ः30 से 07ः00 बजे के बीच दोबारा मंजीत कौर के घर पैसा मांगने गया। उस समय मंजीत कौर अपने घर में सब्जी काट रही थी, मेरे द्वारा पुन: पैसा मांगने पर उन्होने पैसा देने से इंकार कर दिया जिस पर मैने टेबल पर पडे सब्जी काटने वाले चाकू से उनके गले पर वार कर दिया, जिससे वह मुहं के बल नीचे गिर गयी और उसकी मृत्यू हो गयी। जिसे देख के मुझे पसीना आने लगा मैने मंजीत कौर की रसोई में जाकर कांच के गिलास में पानी पिया और उनके घर से चुपचाप निकल कर अपने घर आ गया । अपने घर पर मैने घटना के समय पहने महरुम कलर की टी-शर्ट, ग्रे कलर की पेंट जींस को छत पर जाने वाली सीढीयों के नीचे छुपा दिया व चुपचाप सामान्य तरीके से रहने लगा।



