सेवानिवृत्त न्यायाधीश की निगरानी में बनी एसआईटी
यूकेएसएसएससी दफ्तर में छानबीन, अधिकारियों से घंटों पूछताछ, कार्यालय से रिकॉर्ड जब्त, अधिकारियों से पूछताछ

उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (यूकेएसएसएससी) की 21 सितंबर 2025 को आयोजित स्नातक स्तरीय भर्ती परीक्षा में पेपर लीक मामले ने तूल पकड़ लिया है। इस गंभीर प्रकरण में थाना रायपुर में उत्तराखंड प्रतियोगी परीक्षा (भर्ती में अनुचित साधनों की रोकथाम) अध्यादेश 2023 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए शासन ने माननीय उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश की निगरानी में एक विशेष जांच टीम (एसआईटी) का गठन किया है, जिसका नेतृत्व पुलिस अधीक्षक, ऋषिकेश कर रहे हैं। एसआईटी का कार्यक्षेत्र पूरे प्रदेश में विस्तारित किया गया है।
एसआईटी टीम ने 26 सितंबर 2025 को देहरादून स्थित यूकेएसएसएससी कार्यालय में छापेमारी की और संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों से गहन पूछताछ की। टीम ने परीक्षा से जुड़े रिकॉर्ड और दस्तावेज खंगाले और परीक्षा की सुरक्षा संबंधी व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी ली।
इस दौरान परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी निभा रही निजी सुरक्षा एजेंसी के पदाधिकारियों से भी पूछताछ की गई। एसआईटी ने आयोग को अभियुक्तों से जुड़े दस्तावेजों सहित अन्य सभी जरूरी रिकॉर्ड तत्काल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
शासन की मंशा स्पष्ट है कि परीक्षा में पारदर्शिता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। एसआईटी को निष्पक्ष और निष्कलंक जांच के लिए पूरी छूट दी गई है। इस मामले में जल्दी ही और बड़े खुलासे हो सकते हैं।



