रायपुर और प्रेमनगर सीएचसी में शुरू हुई कार्डियक ओपीडी,स्थानीय स्तर पर मिलेगा हृदय रोग उपचार
दून और कोरोनेशन अस्पताल के चक्कर से मिलेगी राहत

देहरादून में जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त पहल के तहत रायपुर और प्रेमनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में कार्डियक ओपीडी सेवाएं शुरू कर दी गई हैं। इस नई व्यवस्था से हार्ट रोगियों को अब इलाज और विशेषज्ञ परामर्श के लिए बड़े अस्पतालों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। खासकर ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों के मरीजों को अब अपने क्षेत्र में ही हृदय रोग विशेषज्ञों की सेवाएं उपलब्ध हो रही हैं।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से शुरू की गई इस सुविधा के तहत प्रेमनगर और रायपुर सीएचसी में कार्डियक मरीजों की जांच, परामर्श और ईसीजी जांच की सुविधा दी जा रही है। मरीज मात्र 150 रुपये शुल्क देकर ईसीजी जांच करवा सकते हैं। अब तक दोनों अस्पतालों में 35 से अधिक मरीजों की ईसीजी जांच की जा चुकी है।
प्रेमनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रत्येक बुधवार और रायपुर सीएचसी में हर शुक्रवार को सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक कार्डियोलॉजिस्ट मरीजों की जांच और परामर्श दे रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि इस पहल से दून अस्पताल और कोरोनेशन अस्पताल पर बढ़ते मरीजों का दबाव भी कम होगा।
विशेष रूप से पछवादून और परवादून क्षेत्र के लोगों के लिए यह सुविधा काफी राहतभरी साबित हो रही है। हार्ट से जुड़ी परेशानियों के इलाज के लिए अब उन्हें शहर के बड़े अस्पतालों तक नहीं जाना पड़ेगा। इससे मरीजों का समय बचने के साथ-साथ आर्थिक बोझ भी कम होगा।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज शर्मा ने बताया कि वेलमेड अस्पताल के हृदय रोग विशेषज्ञों के सहयोग से प्रेमनगर सीएचसी में अब तक तीन सफल कार्डियक ओपीडी संचालित की जा चुकी हैं। उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों और ग्रामीणों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है और अब तक 100 से अधिक मरीज विशेषज्ञ परामर्श का लाभ उठा चुके हैं।
वहीं रायपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में वेलमेड अस्पताल के कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. नीलेश चंद्र पांडे लगातार तीन सफल ओपीडी संचालित कर चुके हैं। स्वास्थ्य विभाग को उम्मीद है कि जैसे-जैसे लोगों को इस सुविधा की जानकारी मिलेगी, अधिक संख्या में मरीज इसका लाभ उठाएंगे और उन्हें अन्य अस्पतालों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे।



